12वीं के बाद टीचर कैसे बने: योग्यता & कोर्सेज

12वीं के बाद टीचर कैसे बने: योग्यता & कोर्सेज

अगर आप ये सोच रहे है की 12वीं के बाद टीचर कैसे बने तो आप सही ब्लॉग पढ़ रहे है।  इस ब्लॉग में हम आपको बताएंगे काफी ज़रूरी चीज़ों के बारे में ताकि आप अपने टीचर बनने की तैयारी अच्छे से कर सके।

 

टीचर बनने के लिए कौनसी डिग्रीज और कोर्सेस करने चाहिए? कितने प्रकार के अध्यापक होते है और वह किस क्लास को पढ़ा सकते है, टीचर बनने के लिए क्या स्किल्स चाहिए, भारत की टॉप यूनिवर्सिटीज जो टीचिंग कोर्सेज कराती है, और बहुत कुछ।
यह ब्लॉग आपको टीचर बनने में पूरी सहायता करेगा।

 

टीचर कितने प्रकार के होते है?

टीचर तीन प्रकार के होते है जिनके बारे में निचे बताया गया है :

  1. प्राइमरी टीचर (Primary Teacher): एक प्राइमरी टीचर 1 से 5 तक कक्षा के विद्यार्थियों को पढ़ता है।
  2. ट्रेंड ग्रेजुएट टीचर (TGT): TGT का अर्थ है प्रशिक्षित स्नातक शिक्षक। ये शिक्षक बीएड की डिग्री के साथ स्नातक होता है और कक्षा 6 से 10 तक के बच्चो को पढ़ता है।
  3. पोस्ट ग्रेजुएट टीचर (PGT): एक पोस्ट ग्रेजुएट टीचर मुख्य रूप से 11वीं और 12वीं (Senior Secondary) कक्षा के छात्रों को उनके विशिष्ट विषय में पढ़ाता है।

महत्वपूर्ण अपडेट: NEP 2020 और ITEP कोर्स

अगर आप 12वीं के बाद टीचर बनने का सपना देख रहे हैं, तो आपको ITEP (Integrated Teacher Education Programme) के बारे में जानना बहुत ज़रूरी है। नई शिक्षा नीति 2020 के अनुसार, आने वाले समय में (लगभग 2030 तक) टीचर बनने के लिए 4-वर्षीय इंटीग्रेटेड बीएड कोर्स ही मान्य होगा। इसलिए, हम आपको सुझाव देंगे कि अगर आपने अभी 12वीं पास की है, तो आप साधारण ग्रेजुएशन करने के बजाय सीधे 4-वर्षीय B.A.-B.Ed. या B.Sc.-B.Ed. में एडमिशन लें।

12वी के बाद टीचर बनने के लिए मुख्य स्टेप्स (Roadmap to become Teacher)

१२वी करने के बाद निचे दिए गए स्टेप्स को पूरा करे टीचर बनने के लिए:

1.   12वी को पास करे:

12वी पास करने के लिए वही विषय चुने जिसमे आपकी रूचि सबसे ज़्यादा है।  उदहारण के लिए गणित का टीचर बनने के लिए १२वी पास करे सभी सब्जेक्ट में लेकिन गणित पे ज़्यादा अच्छे अंक प्राप्त करे।

 

2.   ग्रेजुएशन पूरी करे:

ग्रेजुएशन करना आपके लिए आवश्यक है अगर आप टीचर बनना चाहते है। ग्रेजुएशन पूरा करने के लिए उसी विषय को चुने जिसमे आपकी रूचि सबसे ज़्यादा हो।

सावधान: सब्जेक्ट कॉम्बिनेशन (Subject Combination) का ध्यान रखें

TGT (कक्षा 6 से 10) टीचर बनने के लिए ग्रेजुएशन में सही विषयों का होना अनिवार्य है:

  • TGT Maths के लिए: गणित के साथ फिजिक्स, केमिस्ट्री, इलेक्ट्रॉनिक्स या कंप्यूटर साइंस में से कोई दो विषय।

  • TGT Science के लिए: बॉटनी, जूलॉजी और केमिस्ट्री का होना ज़रूरी है।

  • TGT Social Science के लिए: हिस्ट्री, जियोग्राफी, पोलिटिकल साइंस या इकोनॉमिक्स में से कोई दो विषय (जिसमें हिस्ट्री या जियोग्राफी एक मुख्य विषय हो)।

3.   बीएड कोर्स के लिए अप्लाई करे:

जैसे ही आपने ग्रेजुएशन अच्छे मार्क्स से पास कर ली हो, आपका पहला कदम बीएड कोर्स के लिए अप्लाई करना होना चाहिए। बीएड कोर्स पूरा करना आपको किसी भी सीनियर सेकेंडरी स्कूल में टीचर बनने के योग्य बनाएगा।  इसके अलावा आप सरकारी स्कूल में पढ़ाने के भी योग्य हो जाओगे।  यह एक दो वर्षो का कोर्स है।  अगर आप ग्रेजुएशन और बीएड एक साथ में करना चाहते है तो आप बीए बीएड इंटीग्रेटेड कोर्स या बीएससी बीएड इंटीग्रेटेड कोर्स को चुन सकते हो।

 

4.   CTET या TET परीक्षा को उत्तीर्ण करे:

ग्रेजुएशन और बीएड की डिग्री प्राप्त करने के बाद आपको आवश्यक परीक्षा उत्तीर्ण करनी होगी। CTETऔर TET परीक्षाओ को दो भागो में बांटा गया है।  तो जो पहली से पांचवी तक के छात्रों को पढ़ना चाहते है उन लोगो को पेपर 1 की तैयारी करनी चाहिए।  और यदि आप 6th से 8th तक के छात्रों को पढ़ना चाहते तो पेपर 2 को पास करो।

इसके अलावा अगर आप 1st से 10th तक की कक्षाओं को पढ़ना चाहते हो तो आपको ये दोनों पेपर्स पास करने होंगे।

स्कूल टीचर vs कॉलेज प्रोफेसर: सही रास्ता चुनें

कई छात्र स्कूल टीचर और कॉलेज प्रोफेसर (Lecturer) के बीच कन्फ्यूज हो जाते हैं। दोनों के रास्ते अलग हैं:

  1. स्कूल टीचर (School Teacher): इसके लिए B.Ed और CTET/TET पास करना अनिवार्य है।

  2. कॉलेज प्रोफेसर (Assistant Professor): कॉलेज में पढ़ाने के लिए B.Ed की ज़रूरत नहीं होती। इसके लिए आपको अपने विषय में मास्टर्स डिग्री (Master’s Degree) करनी होगी और उसके बाद UGC NET परीक्षा पास करनी होगी।

12वी के बाद टीचर बनने के लिए कौन सी डिग्री चाहिए

आपको शिक्षक बनने के लिए यूजी डिग्री को कम्पलीट करना होगा और उसके बाद बीएड कोर्स करना होगा।  लेकिन बीएड के अलावा भी आप प्राइवेट विद्यालयों में शिक्षक बन सकते हो। नीचे दिए आवश्यक कोर्सेस पर नज़र डालिए:

 

1.    बी.पी.एड कोर्स

बैचलर ऑफ़ फिजिकल एजुकेशन (BPED ) जो को BPE के नाम से भी जानता जाता है एक 3 वर्षो का अंडरग्रेजुएट कोर्स है।  इसमें शारीरिक शिक्षा पे मुख्य रूप से ध्यान दिया जाता है।  अगर आप ये  कोर्स करना चाहते है तो आपको किसी मान्यता प्राप्त बोर्ड परीक्षा से 10+2 में कुल 50% मार्क्स लाने है। प्रतिशत स्कूल के हिसाब से अलग हो सकता है।

 

2.    डी.एल.एड कोर्स

डिप्लोमा इन एलीमेंट्री एजुकेशन  (D.El.ED.) कोर्स में प्राइमरी टीचर के स्तर से विद्यालयों में पढ़ने के लिए प्रशिक्षित किया जाता है।  ये प्रियंर्य टीचर ट्रेनिंग डिप्लोमा कोर्स 2 वर्षो का होता है।  यह कोर्स करने लिए आपको किसी मान्यता प्राप्त बोर्ड परीक्षा से 10+2 में कुल 50% मार्क्स लाने है।

 

3.    बीएससी और बीएड इंटीग्रेटेड कोर्स

बीएससी बीएड चार सालो का इंटीग्रेटेड डिग्री प्रोग्राम है।  अगर आपने केमिस्ट्री, फिजिक्स और गणित में अपनी 10+2 बोर्ड परीक्षा को पास किया है तो आप इस कोर्स को कर सकते हैं। बीएससी बीएड एक दोहरी डिग्री होती है। इस कोर्स में बीएड और बीएससी दोनो कोर्सेज शामिल है।

 

4.    बी.एड कोर्स

(B.ED) अर्थात बैचलर ऑफ़ एजुकेशन एक अंडरग्रेजुएट कोर्स है।  अगर आप शिक्षक बनने चाहते है तो आप ये कोर्स कर सकते है। B.Ed (2 वर्ष) करने के लिए ग्रेजुएशन अनिवार्य है। यदि आप 12वीं के तुरंत बाद यह करना चाहते हैं, तो आपको 4-वर्षीय Integrated B.Ed (B.A B.Ed / B.Sc B.Ed) कोर्स चुनना होगा।  ये कोर्स करने के बाद आप माध्यमिक और उच्चतर माध्यमिक स्तर पर पढ़ाने के योग्य हो जाएंगे। ध्यान रखिये की इस कोर्स को करने के लिए आपको प्रवेश परीक्षा में पास होना पड़ेगा।

 

5.    बीए बीएड इंटीग्रेटेड कोर्स

बीए बीएड इंटीग्रेटेड कोर्स बैचलर ऑफ आर्ट्स (बीए) और बैचलर ऑफ एजुकेशन (बीएड) की दो डिग्रीयो को मिला के बनाया गया है। ये एक चार वर्षो का कोर्स है।  इसमें आप कला और व्यावसायिक अध्ययन से जुड़े हुए विषयो का अच्छे से ज्ञान प्राप्त कर सकते है।  इसके अलावा आप इस कोर्स से कम्युनिकेशन स्किल्स और शिक्षण कार्यो के लिए भी अनुभव प्राप्त कर सकते है। इस कोर्स में प्रवेश के लिए आपको 10+2 में कुल 50% मार्क्स लाने है।

Watch: 12th के बाद टीचर बनने का पूरा रोडमैप (2025 Updated)

10 बेस्ट भारतीय यूनिवर्सिटीज टीचिंग कोर्सेज के लिए

हमने नीचे भारत की दस सर्वश्रेष्ट यूनिवर्सिटीज के नाम दिए है:

  • दिल्ली यूनिवर्सिटी (Department of Education – CIE), नई दिल्ली

  • बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU), वाराणसी

  • जामिया मिलिया इस्लामिया, नई दिल्ली

  • रीजनल इंस्टीट्यूट ऑफ एजुकेशन (RIE – NCERT) – (अजमेर, भोपाल, भुवनेश्वर, मैसूर)

  • पंजाब यूनिवर्सिटी, चंडीगढ़

  • अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी (AMU), अलीगढ़

  • मुंबई यूनिवर्सिटी, मुंबई

  • गुरु गोबिंद सिंह इंद्रप्रस्थ यूनिवर्सिटी (GGSIPU), नई दिल्ली

  • लखनऊ यूनिवर्सिटी, लखनऊ

  • एमिटी यूनिवर्सिटी (प्राइवेट), नोएडा

टीचिंग कोर्सेज के लिए कैसे अप्लाई करें?

निम्नलिखित चरणों में टीचिंग कोर्सेज में अप्लाई करने का तरीका बताया गया है:

  1. एक यूनिवर्सिटी चुनिए और उसकी ऑफिशियल वेबसाइट पे पहुंचे रजिस्ट्रेशन करने के लिए।
  2. आप एक यूजर नाम और पासवर्ड प्राप्त करेंगे रजिस्ट्रेशन करने के पश्चात्।
  3. वेबसाइट पर साइन इन करे और वह कोर्स चुने जिसे आप करना चाहते हो।
  4. अब आपको आवेदन फॉर्म (Application Form) भरना है अपनी शैक्षिक योग्यता और वर्ग आदि के साथ।
  5. शुल्क का भुगतान करे (Fee Payment)।
  6. आवेदन फॉर्म भर दे।
  7. अगर कॉलेज में प्रवेश के लिए प्रवेश परीक्षा अनिवार्य है तो आपको पहले प्रवेश परीक्षा के लिए रजिस्ट्रेशन करना पड़ेगा।
  8. जब आपका रिजल्ट आए तो काउंसलिंग की प्रतीक्षा करे।
  9. आपके जितने प्रवेश परीक्षा में अंक प्राप्त किये उसको ध्यान में रख के आप चयन किया जायेगा और लिस्ट जारी की जाएगी।

 

टीचर बनने के लिए मुख्य स्किल्स

अगर आपको एक अच्छा शिक्षक बनना है तो इन पांच मुख्य स्किल्स को अपनाना होगा:

1.    धैर्य (Patience)

कई छात्रों को कई बार समझाने की आवश्यकता होती है क्यूंकि वे एक बार में नहीं समझ पाते।  ऐसे छात्रों के प्रति आपको ज़्यादा ध्यान देना होगा और धैर्य के साथ उन्हें तब तक समझाना होगा जब तक वह पूरी तरह न समझ जाए। ऐसे छात्रों को बड़े प्यार और विनम्रता के साथ पढ़ाना चाहिए।

2.    अच्छी कम्युनिकेशन स्किल्स (Good Communication Skills)

अच्छी कम्युनिकेशन स्किल्स हर पेशे में आवश्यक होती है।  लेकिन अगर आप एक शिक्षक है तो इसे अपना सबसे अच्छा साथी समझे।  इस हद तक अपनी कम्युनिकेशन स्किल्स पे काम कीजिये की सामने वाले को आपकी बातें सुनने का मन करे और वह आपकी बातें आसानी से समझ जाए।  आपको छात्रों से बात करने का तरीका पता होना चाहिए।  जब तक आपके पास अच्छी कम्युनिकेशन स्किल्स नहीं है आप एक अच्छे टीचर नहीं बन पाएंगे।  तो अगर आपको कम्युनिकेशन स्किल्स थोड़ी कमजोर है तो इसपर काम करें।

3.    अनुशासन (Discipline)

जब तक आप अनुशासित नहीं है आप छात्रों को अनुशासित नहीं कर सकते।  इसलिए एक शिक्षक को अनुशासन पे काफी ध्यान देना चाहिए।  हमेशा ध्यान रखिये आपका विद्यार्थी आपको जैसा देखेगा वह वैसा ही बनेगा।  अगर आप देर से कक्षा में आएँगे तो वह भी देर से कक्षा में आएगा।  इसके आलावा बोलते हुए काफी नरमी दिखाए ताकि स्टूडेंट्स भी आपसे इस मामले में जरूर कुछ सीखें।

4.    टाइम मैनेजमेंट स्किल्स (Time Management Skills)

आपको अपना सिलेबस एक सीमित समय के अंदर कम्पलीट (complete) करना होता है।  इसके लिए आपको टाइम मैनेजमेंट स्किल्स पे काफी निर्भर रहना पड़ता है।  इसलिए आपको अपनी टाइम मैनेजमेंट स्किल्स को अच्छा करना होगा।  ध्यान रहे न केवल आपको समय पे सिलेबस ख़त्म करना है बल्कि आपको बच्चो को रिवीजन भी कराना होता है। इसलिए समय का विशेष ध्यान होना जरुरी है। एक शिक्षक समय के बारे में बहुत कुछ सीखा सकता है। अपने समय का मोल जानिये और इसको सही से उपयोग करिये।

5.    क्रिएटिविटी (Creativity)

क्रिएटिव होना हर पेशे में आवश्यक है।  आप चाहे कलाकार हो या टीचर थोड़ी क्रिएटिविटी आपको चाहिए ही चाहिए। अगर आप बीस बच्चो को पढ़ा रहे हो तो सभी के समझने का तरीका अलग होगा। इसलिए आपको अपने समझाने के तरीको में बदलाव करते रहना चाहिए।  आपको वह तरीका चुनना होगा जिससे आपके छात्रों को सबसे अच्छी तरीके से समझ में आ जाए।  ध्यान रखे वह तरीका अपनाएं जिससे आपका समय भी बचे और बच्चे समझे भी आसानी से।

 

गवर्नमेंट टीचर बनने के लिए क्या करें

आपको टीचर बनने के लिए बी एड होना आवश्यक है। अपनी शैक्षिक योग्यता बढ़ाने के लिए आप एम एड भी कर सकते हैं। इसके बावजूद भी आप बेसिक ट्रेनिंग सर्टिफिकेट (BTC), डिप्लोमा इन एजुकेशन (D. Ed) या टीचिंग ट्रेनिंग सर्टिफिकेट भी कर सकते हैं। फिर जब सरकारी नौकरी की रिक्ति हो तो वहाँ आप नौकरी के लिए आवेदन करे।

डिजिटल युग में टीचर कैसे बनें (Online Teaching)

आजकल केवल स्कूलों तक ही टीचिंग सीमित नहीं है। अगर आपमें हुनर है, तो आप डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के जरिए भी लाखों कमा सकते हैं।

  • EdTech कंपनियाँ: Unacademy, PhysicsWallah, और Byju’s जैसी कंपनियों में Subject Matter Expert (SME) या ऑनलाइन फैकल्टी के रूप में जुड़ सकते हैं।

  • YouTube: अपना खुद का चैनल शुरू करके छात्रों को पढ़ा सकते हैं।

  • Online Tuition: Chegg या TutorBin जैसी वेबसाइट्स पर डाउट सॉल्विंग करके भी अच्छी कमाई कर सकते हैं।

अधिकतर पूछे जाने वाले प्रश्न

साइंस का टीचर कैसे बने

अगर आप एक हाई स्कूल में साइंस के शिक्षक बनने के इच्छुक है तो आप जिस विषय में टीचर बनना चाहते है उसमें एमएससी (मास्टर ऑफ़ साइंस ) करें। इसके बाद आपको बीएड को पूरा करना होगा ताकि आप शिक्षण पेशे के योग्य हो जाए। फिर आपको टीजीटी और पीजीटी के तहत जॉब ढूंढ़नी होगी।

टीचर बनने के लिए उम्र कितनी होनी चाहिए?

अगर आप सरकारी टीचर बनना चाहते हैं, तो उम्र सीमा (Age Limit) अलग-अलग पदों के लिए अलग होती है। (उदाहरण – KVS/DSSSB के अनुसार):

पद (Post) अधिकतम उम्र (General)
PRT (प्राइमरी टीचर) 30 वर्ष
TGT (ट्रेंड ग्रेजुएट टीचर) 35 वर्ष
PGT (पोस्ट ग्रेजुएट टीचर) 40 वर्ष

नोट: आरक्षित श्रेणियों (OBC/SC/ST) और महिलाओं को सरकारी नियमों के अनुसार उम्र में 3 से 10 साल तक की छूट (Relaxation) मिलती है।

प्राइमरी टीचर बनने के लिए क्या करें?

आपको डिप्लोमा इन एलीमेंट्री एजुकेशन कोर्स करना पड़ेगा।  इसके बाद आपको State TET या  CTET एग्जाम पास करना होगा। जब आप TET पास कर ले उसके बाद शिक्षक भर्ती एग्जाम के लिए अप्लाई करना होगा।  TET या CTET एग्जाम पास करने पे मेरिट बनता है।  मेरिट लिस्ट को ध्यान में रखते हुए ही प्राइमरी टीचर को चुना जाता है।

प्राइवेट टीचर कैसे बने?

जो सब्जेक्ट आप बच्चो को पढ़ना चाहते हो उसमे पोस्ट ग्रेजुएशन करे।  इसके बाद आपको बीएड करनी होगी। फिर आप किसी प्राइवेट स्कूल में अप्लाई करे और वहाँ इंटरव्यू दे।  अगर उनको आप एक योग्य शिक्षक लगे तो आपको उस प्राइवेट स्कूल में एक शिक्षक का पद मिल जाएगा।

शिक्षक होने के क्या फायदे है?

शिक्षक का पेशा एक सम्मानित पेशा है।  आप अच्छा पैसा कमा सकते है और ट्यूशन पढ़ा के भी कुछ अलग से आमदनी निकाल सकते है।  यह केवल 5 से 6 घंटो की नौकरी होती है जिससे की आप अपनी निजी जीवन पे भी काफी ध्यान दे सकते है।

टीचर का वेतन कितना होता है?

  1. प्राइमरी सरकारी शिक्षक का वेतन राज्य सरकार के नियमों पर निर्भर करता है, लेकिन आमतौर पर यह ₹35,000 से ₹45,000 (महंगाई भत्ते के साथ) के बीच शुरू होता है।
  2. ट्रेंड ग्रेजुएट टीचर) का मासिक वेतन हो सकता है ₹44,000 से ₹1,42,400 महीना।
  3. पोस्ट ग्रेजुएट टीचर का मासिक वेतन हो सकता है ₹47,600 से ₹1,51,000 महीना।

 

निष्कर्ष

12th पास करने के बाद आप ग्रेजुएशन करे उस विषय में जिसमे आप की ज़्यादा रूचि हो और वह सब्जेक्ट बच्चो को पढ़ाना चाहते हो।  फिर आप बीएड कोर्स पूरा करे ताकि आप शिक्षक बनने के योग्य हो जाएँ। अगर आप ग्रेजुएशन और बीएड एक साथ में करना चाहते है तो फिर बीए बीएड इंटीग्रेटेड कोर्स या बीएससी बीएड इंटीग्रेटेड कोर्स को करे।  उसके बाद आप CTET या TET परीक्षा को उत्तीर्ण करे।  इन परीक्षाओ को दो भागो में बांटा गया है:

  • 1st से 5th तक के बच्चो को पढ़ना के लिए – पेपर 1 को पास करें
  • 6th से आठवीं को पढ़ाने के लिए – पेपर 2 को पास करें।

अगर आप 1st से 10th तक के बच्चो को पढ़ाना चाहते हो तो दोनों को पास करो।

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